29th November 2022

भारत में फिर चालू होगा टिक टॉक

20 करोड़ यूजर्स के लिए खुशखबरी

नई दिल्ली

चीन के साथ तनाव के चलते बंद किए गए चाइनीज एप्प टिकटॉक की भारत में वापसी के रास्ते खुल रहे हैं। इस एप्प के साथ ही भारत सरकार ने कईं चीनी एप्प को प्रतिबंधित कर दिया था। इस एप्प की वापसी का कारण है इसकी माइक्रोसॉफ्ट के साथ होने वाली डील। इस डील में माइक्रोसॉफ्ट टिकटॉक को खरीदने की तैयारी में है। इस डील को अब तक पूरा हो जाना चाहिए था लेकिन अमेरिकी सरकार के रुख के चलते ये अब तक नहीं हो पाई है।

फाइनैंशल टाइम्स की रिपोर्ट के अनुसार, माइक्रोसॉफ्ट टिकटॉक के पूरे ग्लोबल बिजनस को खरीदने का प्रयास कर रही है। टिकटॉक इंडिया बिजनस की वैल्यू 10 अरब डॉलर के लगभग मानी जा रही है। पिछले रविवार को इस डील को लेकर माइक्रोसॉफ्ट की तरफ से बयान जारी किया गया था। इस बयान में कहा गया था कि वह टिकटॉक की पैरंट कंपनी ByteDance के साथ इसके अमेरिका, कनाडा, ऑस्ट्रेलिया और न्यूजीलैंड बिजनस को खरीदने को लेकर बातचीत कर रही है।

चीन के लिए बने Douyin को नहीं खरीदेगी माइक्रोसॉफ्ट

फाइनैंशल टाइम्स की रिपोर्ट में कहा गया है कि माइक्रोसॉफ्ट बाइटडांस के साथ टिकटॉक के ग्लोबल बिजनस को खरीदने की योजना में बातचीत कर रही है। टिकटॉक चीन में नहीं ऑपरेट करता है। बाइटडांस ने चीन के लिए टिकटॉक की तरह दूसरा ऐप Douyin को लॉन्च किया था। माइक्रोसॉफ्ट इसे खरीदने की नहीं सोच रही है। माइक्रोसॉफ्ट का ज्यादा जोर टिकटॉक के भारत के व्यावसाय को खरीदने पर है।

एप्प के बैन होने से लगा झटका

टिकटॉक के इंडिया बिजनस की बात करें तो यह कंपनी का सबसे बड़ा मार्केट है। सेंसर टॉवर डेटा के मुताबिक, भारत में इसे 650 मिलियन (65 करोड़) बार डाउनलोड किया गया है। जबकि 200 मिलियन (20 करोड़) रजिस्टर्ड यूजर्स हैं। सरकार ने इसे जून के अंत में बैन कर दिया था।

बाइटडांस के लिए टिकटॉक पर भारत में बैन बहुत बड़ा झटका है और कंपनी इस झटके से उबरना चाहती है। रिपोर्ट के मुताबिक, माइक्रोसॉफ्ट से डील हो जाने के बाद चाइनीज ऐप का तमगा हट जाएगा और दोबारा भारत में टिकटॉक शुरू हो जाएगा। रिपोर्ट में यह भी कहा गया है कि माइक्रोसॉफ्ट टिकटॉक के इंडिया बिजनस को खरीदना चाहती है लेकिन बाइटडांस इसे विदेशी या लोकल बायर्स के हाथों भी बेच सकती है।

ये भी पढ़ें कॉमर्स और आर्ट्स के स्टूडेंट्स भी दे सकेंगे गेट की परीक्षा

Leave a Reply

Your email address will not be published.

error: Content is protected !!